ट्रम्प की कनाडा पर 100% टैरिफ लगाने की धमकी:कहा- चीन से कोई भी समझौता करना महंगा पड़ेगा; कनाडाई पीएम को गवर्नर बताया

0 10,000,103

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कनाडा को चीन के साथ व्यापार को लेकर सख्त चेतावनी दी है। ट्रम्प शनिवार ने कहा कि अगर गवर्नर मार्क कार्नी (कनाडाई पीएम) ये सोचते हैं कि वे कनाडा को चीन का ऐसा रास्ता बना देंगे, जहां से चीन अपना सामान अमेरिका भेज सके, तो वे गलत हैं।

ट्रम्प ने कहा कि चीन, कनाडा को पूरी तरह नुकसान पहुंचा देगा। चीन, कनाडा के कारोबार, समाज और जीवनशैली को खत्म कर देगा और देश को पूरी तरह निगल जाएगा।

अमेरिकी राष्ट्रपति ने साफ कहा कि अगर कनाडा ने चीन के साथ कोई समझौता किया, तो अमेरिका तुरंत कनाडा से आने वाले सभी सामानों पर 100% टैरिफ लगा देगा।

ट्रम्प ने शुक्रवार को भी कहा था कि चीन, कनाडा को एक साल के अंदर ही खा जाएगा। दरअसल, कनाडा के PM मार्क कार्नी ट्रम्प के ‘गोल्डन डोम’ मिसाइल प्रोजेक्ट का विरोध कर रहे हैं। ट्रम्प इससे नाराज हो गए हैं।

उन्होंने कहा कि कनाडा हमारे बजाय चीन से दोस्ती बढ़ा रहा, जो उन्हें पहले ही साल में बर्बाद कर देगा। कनाडा पर आरोप लगाते हुए ट्रम्प ने कहा कि वह नॉर्थ अमेरिका की सुरक्षा के लिए खतरा है।

कनाडा-चीन के व्यापार समझौते से ट्रम्प नाराज

कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने 13 जनवरी से 17 जनवरी तक चीन की यात्रा की और वहां व्यापार समझौते किए। रिपोर्ट्स के मुताबिक ट्रम्प इससे नाराज बताए जा रहे हैं।

करीब एक साल पहले कार्नी खुद चीन को कनाडा के सामने “सबसे बड़ा सुरक्षा खतरा” बता चुके थे, लेकिन एक साल बाद हालात बदल चुके हैं। चीन दौरे पर उन्होंने कई अहम करार किए हैं। इसमें कनाडा, चीन की इलेक्ट्रिक गाड़ियों (EV) पर लगाए गए टैरिफ को कम करेगा।

कनाडा ने 2024 में अमेरिका के साथ मिलकर चीनी गाड़ियों पर 100% टैरिफ लगाया था। अब नए समझौते के तहत इस टैरिफ को घटाकर 6.1% किया जा रहा है। हालांकि यह हर साल 49 हजार इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर लागू होगा। 5 साल में इसे बढ़ाकर 70 हजार तक किया जा सकता है।

इसके बदले में चीन, कनाडा के कुछ अहम कृषि उत्पादों पर लगाए गए जवाबी टैरिफ को घटाएगा। पहले यह टैरिफ 84% तक था, जिसे अब घटाकर 15% कर दिया गया है। साल के अंत तक इसे जीरो किया जा सकता है।

कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी 13 से 17 जनवरी तक चीन के दौरे पर थे, जहां उनके और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच कई समझौते हुए।
कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी 13 से 17 जनवरी तक चीन के दौरे पर थे, जहां उनके और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच कई समझौते हुए।

कार्नी ने क्या कहा जिसे सुनकर ट्रम्प नाराज हुए

कनाडाई पीएम ने वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम पर ‘नए वर्ल्ड ऑर्डर’ पर भाषण दिया था। इसे लंबे समय से किसी भी राजनेता के दिए गए सर्वश्रेष्ठ भाषणों में से एक बताया जा रहा है।

कार्नी ने बड़े देशों के दबदबे के खिलाफ अपनी राय रखी। उन्होंने कहा- हमें बार-बार याद दिलाया जाता है कि आज की दुनिया बड़ी ताकतों की आपसी होड़ का दौर है। जो नियमों पर चलने वाली अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था थी, वह अब कमजोर पड़ रही है। ताकतवर देश वही करते हैं जो वे करना चाहते हैं, और छोटे या कमजोर देशों को उसे झेलना पड़ता है।

कार्नी आगे कहते हैं कि नियम आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था की जो कहानी सुनाई जाती रही है, वह पूरी तरह सच नहीं थी। जब बड़े देशों को फायदा होता है, तो वे खुद के लिए नियमों से छूट ले लेते हैं। व्यापार के नियम सब पर बराबर लागू नहीं होते।

वे कहते हैं कि अंतरराष्ट्रीय कानून भी सख्ती से इस बात पर निर्भर करता है कि मामले में आरोपी कौन है और पीड़ित कौन। उन्होंने कहा कि महाशक्तियां अकेले चलने का जोखिम उठा सकती हैं। उनके पास बड़ा बाजार होता है, मजबूत सेना होती है और शर्तें तय करने की ताकत भी होती है।

लेकिन कमजोर देशों के पास ये चीजें नहीं होतीं। जब ऐसे देश किसी बहुत ताकतवर देश से आमने-सामने बातचीत करते हैं, तो वे कमजोर स्थिति में होते हैं। इसलिए उन्हें वही मानना पड़ता है, जो सामने वाला देश देने को तैयार होता है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.