ईरान की अमेरिका और इजराइल को धमकी:कहा- अगर हम पर हमला किया पलटवार करेंगे; ईरानी संसद में ‘अमेरिका की मौत’ के नारे लगे
ईरान ने अमेरिका को चेतावनी दी है कि अगर उस पर हमला किया, तो वह अमेरिकी सैनिकों और इजराइल को निशाना बनाएगा। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शन तीसरे हफ्ते में पहुंच गए हैं।
ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकर कालीबाफ ने कहा कि अगर अमेरिका ने हमला किया, तो इलाके में मौजूद सभी अमेरिकी मिलिट्री बेस, शिप्स और इजरायल हमारे टारगेट पर होंगे। यह बयान संसद के लाइव सत्र के दौरान दिया गया, जहां सांसद ‘डेथ टू अमेरिका’ के नारे लगा रहे थे।
कालीबाफ ने ईरान की सुरक्षा एजेंसियों की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने हालात में मजबूती से काम किया है। प्रदर्शनकारियों को चेतावनी दी कि गिरफ्तार किए गए लोगों से सबसे सख्त तरीके से निपटा जाएगा और उन्हें कड़ी सजा दी जाएगी।
ईरानी संसद का यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हैं…
https://x.com/i/status/2010279166017736800
As the Iranian regime massacres its own people, lawmakers chanted “Death to America” during an emergency parliament session. Parliament speaker Mohammad Bagher Qalibaf threatened that the US military and Israel would be “legitimate targets” if either moves to strike Iran. pic.twitter.com/FQqDZCfQMS— Israel War Room (@IsraelWarRoom) January 11, 2026

ट्रम्प को ईरान पर हमले का प्लान बताया गया
ईरान जारी प्रदर्शन के बीच अमेरिकी अधिकारियों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को ईरान पर संभावित सैन्य हमलों के विकल्पों की ब्रीफिंग दी है।
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, अगर ईरान सरकार प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई करती है तो ट्रम्प सैन्य कदम उठाने पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं। अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रपति ने अभी अंतिम फैसला नहीं लिया है।
ट्रम्प ने शनिवार को सोशल मीडिया पर लिखा, “ईरान आजादी की ओर देख रहा है, जो पहले कभी नहीं हुआ। अमेरिका मदद के लिए तैयार है।” वहीं, ईरान की संसद के स्पीकर मोहम्मद बागेर कालिबाफ ने रविवार को चेतावनी दी कि अगर अमेरिका या इजराइल ने ईरान पर हमला किया, तो दोनों को सख्ती से जवाब देंगे।
दूसरी तरफ टाइम मैगजीन ने तेहरान के एक डॉक्टर के हवाले से बताया कि कम से कम 217 प्रदर्शनकारियों की मौत दर्ज की गई है। न्यूज एजेंसी AP के मुताबिक अब तक 2600 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
ईरान में प्रदर्शन से जुड़ी 4 तस्वीरें…




ईरानी राष्ट्रपति बोले- अमेरिका-इजराइल दंगे भड़का रहे
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान ने रविवार को कहा कि अमेरिका और इजराइल ईरान में दंगे भड़काकर अराजकता और अव्यवस्था फैलाना चाहते हैं। उन्होंने ईरानियों से दंगाइयों और आतंकवादियों से दूर रहने को कहा।
पजशकियान का कहना है कि अधिकारी प्रदर्शनकारियों की बात सुनेंगे। लेकिन दंगाइयों की नहीं, जो पूरे समाज को तबाह करने की कोशिश कर रहे हैं।
पजशकियान ने कहा, ‘हम लोगों की समस्या का समाधान करेंगे, लेकिन दंगाइयों को पूरे समाज को खत्म करने की इजाजत नहीं दे सकते।’ ईरान के सरकारी टेलीविजन ने रविवार को राष्ट्रपति का एक इंटरव्यू टेलीकास्ट किया, जिसमें पजशकियान ने यह बातें कहीं।
ईरान पर हमले की आशंका को लेकर इजराइल हाई अलर्ट पर
ईरान पर अमेरिकी हमले की आशंका को लेकर इजराइल हाई अलर्ट पर है। रॉयटर्स ने इजराइली सूत्रों के हवाले से बताया है कि हालात को देखते हुए इजराइली सुरक्षा एजेंसियां सतर्कता बढ़ाए हुए हैं।
इजराइल और ईरान जून में 12 दिन की जंग लड़ चुके हैं, जिसमें अमेरिका ने इजराइल के साथ मिलकर हवाई हमले किए थे। शनिवार को इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के बीच फोन पर बातचीत हुई।
रिपोर्ट के मुताबिक इस बातचीत में ईरान में अमेरिकी दखल की संभावना पर चर्चा हुई। अमेरिकी अधिकारी ने कॉल की पुष्टि की, लेकिन बातचीत के मुद्दों का खुलासा नहीं किया।
ईरान की अमेरिका और इजराइल को धमकी
ईरान ने अमेरिका की संभावित सैन्य कार्रवाई पर तीखी चेतावनी जारी की है। ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बगेर कलीबाफ ने कहा है कि अगर प्रदर्शनकारियों को लेकर अमेरिका ने ईरान पर हमला किया, तो अमेरिकी सेना और इजराइल दोनों ईरान के निशाने पर होंगे।
यह पहला मौका है जब ईरानी नेतृत्व की ओर से संभावित जवाबी कार्रवाई में इजराइल को भी सीधे तौर पर निशाना बनाए जाने की बात कही गई है।

प्रदर्शनकारियों को फांसी की धमकी
ईरान में बीते दो हफ्ते से सरकार विरोधी प्रदर्शन जारी हैं। इस बीच सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई ने प्रदर्शनकारियों के खिलाफ सख्त रुख अपना लिया है।
ईरान के अटॉर्नी जनरल मोहम्मद मोवाहेदी आजाद ने चेतावनी दी है कि प्रदर्शन में शामिल लोगों को ‘खुदा का दुश्मन’ माना जाएगा, जिसके तहत मौत की सजा दी जा सकती है।
ब्रिटेन में ईरानी दूतावास का झंडा उतारा
ब्रिटेन की राजधानी लंदन में भी ईरानी दूतावास के बाहर प्रदर्शन हुए। इस दौरान एक प्रदर्शनकारी ने ईरानी दूतावास का इस्लामी गणराज्य का झंडा हटाकर 1979 की इस्लामी क्रांति से पहले इस्तेमाल होने वाला झंडा फहरा दिया।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में प्रदर्शनकारी ने शेर और सूरज के निशान वाला तिरंगा झंडा लगाया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, यह झंडा कई मिनट तक दूतावास पर लगा रहा, जिसके बाद उसे हटा दिया गया।
यह झंडा ईरान में शाह के शासनकाल के दौरान इस्तेमाल किया जाता था। प्रदर्शन के दौरान ‘डेमोक्रेसी फॉर ईरान’ और ‘फ्री ईरान’ जैसे नारे लगे।
लंदन पुलिस ने कहा कि झंडा हटाने की घटना के बाद सुरक्षा बढ़ा दी गई है, ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था रोकी जा सके और ईरानी दूतावास की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। पुलिस ने बताया कि इस मामले में 3 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक अन्य संदिग्ध की तलाश जारी है।