ट्रम्प बोले-ईरानी पावर प्लांट्स पर 5 दिन हमला नहीं करेंगे:बातचीत के बाद फैसला; ईरान बोला- राष्ट्रपति तेल कीमत घटाने के लिए गुमराह कर रहे
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान के पावर प्लांट्स और एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर होने वाले हमलों को फिलहाल टाल दिया है। ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच पिछले दो दिनों से चली बातचीत के बाद यह फैसला लिया गया है।
उन्होंने बताया कि रक्षा विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि पावर प्लांट्स और एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर सभी सैन्य हमलों को 5 दिनों के लिए रोक दिया जाए। ट्रम्प ने कहा कि अगर बातचीत सफल रहती है, तो मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव को खत्म करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा सकता है।
दरअसल ट्रम्प ने दो दिन पहले ईरान को धमकी दी थी कि अगर 48 घंटे में होर्मुज रूट नहीं खोला गया तो वो ईरान के पावर प्लांट पर बड़ा हमला करेंगे।
वहीं, ईरान ने दावा किया है कि ट्रम्प के साथ उनकी कोई बातचीत नहीं हुई है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि ट्रम्प एनर्जी की कीमतें कम करने के लिए ऐसे बयान दे रहे हैं। मंत्रालय ने आगे कहा, “कई देश तनाव कम करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन हमारा साफ कहना है कि हमने यह युद्ध शुरू नहीं किया। इसलिए इस बारे में बात अमेरिका से की जानी चाहिए”
ईरान जंग से जुड़ी 3 तस्वीरें…



ट्रम्प का दावा- ईरान ने खुद आगे बढ़कर बातचीत की
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने दावा किया है कि ईरान ने खुद आगे बढ़कर बातचीत की पहल की है और दोनों देश समझौता करना चाहते हैं। फ्लोरिडा में पत्रकारों से बातचीत में ट्रम्प ने कहा कि उन्होंने ईरान के शीर्ष नेतृत्व से संपर्क किया है और हालात तेजी से बदल रहे हैं। उन्होंने कहा कि दोनों पक्ष इस जंग को खत्म करने के लिए डील की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं और जल्द ही कोई समाधान निकल सकता है। ट्रम्प के मुताबिक, अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर ने भी ईरानी अधिकारियों से बातचीत की है। हालांकि, ईरान की ओर से इन दावों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ईरानी मीडिया पहले ही कह चुका है कि ईरान और अमेरिका के बीच कोई बातचीत नहीं चल रही है।
LPG ला रहे दो भारतीय टैंकरों ने होर्मुज पार किया
मिडिल ईस्ट में जारी जंग के बीच भारत के लिए LPG लेकर आ रहे दो टैंकरों ने होर्मुज स्ट्रेट पार कर लिया है। शिप-ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक, पाइन गैस और जग वसंत नाम के ये दोनों भारतीय टैंकर इस संवेदनशील समुद्री रास्ते से सुरक्षित निकलने में सफल रहे। अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, पाइन गैस पहले स्ट्रेट पार कर गया, जबकि जग वसंत उसके पीछे-पीछे आगे बढ़ा। गौरतलब है कि अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जंग के चलते होर्मुज स्ट्रेट में आवाजाही लगभग ठप हो गई है और सैकड़ों जहाज अब भी खाड़ी के अंदर फंसे हुए हैं। ऐसे में इन टैंकरों का पार होना भारत के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है, क्योंकि देश में LPG की सप्लाई पर दबाव बना हुआ है।
ट्रम्प बोले- ईरान से 5 दिन में डील हो सकती है
ट्रम्प ने कहा है कि ईरान समझौता करने के लिए उतावला है। दोनों देशों के बीच डील अगले 5 दिनों में या उससे भी पहले हो सकती है। फॉक्स बिजनेस नेटवर्क को दिए बयान में ट्रम्प ने कहा कि हालात तेजी से बदल रहे हैं और बातचीत आगे बढ़ रही है।
ट्रम्प से पूछा गया कि ईरानी मीडिया के बयान पर आपका क्या रिएक्शन है… मीडिया कह रही है कि कोई बातचीत नहीं हुई है। इस पर ट्रम्प ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि वे क्या कह रहे हैं, लेकिन दोनों देशों के बीच कल रात ही बात हुई है।
उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर भी इस बातचीत में शामिल थे। ट्रम्प ने कहा कि वहां से कोई जानकारी इतनी जल्दी मिलना मुश्किल है क्योंकि अमेरिका ने उनके ज्यादातर इंफ्रास्ट्रक्चर को तबाह कर दिया है। इसलिए वह ईरानी मीडिया पर भरोसा नहीं कर सकते।
ईरान ने मिसाइल ठिकाने का वीडियो जारी किया
ईरान के सरकारी वीडियो में जमीन के नीचे बने ठिकाने में कई मिसाइलें दिखाई गई हैं।
#WATCH | A video from Iran’s state-run IRIB News shows rows of missiles inside an underground facility, described as 'the tip of the iceberg'.
(Visuals Source: IRIB via ANI) pic.twitter.com/l9bXDNAbup
— ANI (@ANI) March 23, 2026
इसमें यह भी कहा गया है कि जो दिखाया गया है, वह उसकी पूरी ताकत नहीं, बल्कि थोड़ी सी एक झलक है।
ईरान ने इजराइल और US बेस पर 76वीं बार हमला किया
ईरान ने कहा है कि उसने इजराइल और अमेरिकी सैन्य ठिकानों के खिलाफ 76वीं बार जवाबी हमला किया है।
ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) के मुताबिक, इनमें अल धफरा एयरबेस, प्रिंस सुल्तान एयरबेस और US फिफ्थ फ्लीट जैसे अहम ठिकानों को निशाना बनाया गया।
IRGC ने कहा कि इन हमलों में कियाम और जुल्फिकार मिसाइलों के साथ ड्रोन का इस्तेमाल किया गया। इसके अलावा, इजराइल के तेल अवीव, हाइफा, अश्केलोन और गुश डान इलाके भी निशाने पर रहे।
पाकिस्तान, तुर्किये और मिस्र जंग रोकने के लिए बातचीत कर रहे
तुर्किये, मिस्र और पाकिस्तान ने अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने के लिए कोशिशें तेज कर दी हैं। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, इन देशों के अधिकारियों ने अमेरिका के दूत स्टीव विटकॉफ और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची से अलग-अलग बातचीत की है। साथ ही, पिछले दो दिनों से ये देश अमेरिका और ईरान के बीच मैसेज पहुंचाने का काम भी कर रहे हैं, ताकि हालात शांत किए जा सकें और तनाव कम हो।
ईरान के बुशेहर न्यूक्लियर प्लांट को लेकर रूस और IAEA ने बात की
ईरान के बुशेहर न्यूक्लियर पावर प्लांट को लेकर अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) और रूस के बीच बातचीत हुई है। IAEA प्रमुख राफेल ग्रोसी ने रूस की न्यूक्लियर एजेंसी रोसाटॉम के प्रमुख अलेक्सी लिखाचेव से फोन पर इस मुद्दे पर चर्चा की।
यह बातचीत ऐसे समय हुई है जब बुशेहर प्लांट के आसपास सैन्य गतिविधि की खबरें सामने आई हैं, जिससे चिंता बढ़ गई है। IAEA ने साफ किया कि किसी भी तरह की सैन्य कार्रवाई से परमाणु संयंत्र की सुरक्षा को खतरा नहीं होना चाहिए।
गौरतलब है कि बुशेहर ईरान का एकमात्र चालू न्यूक्लियर पावर प्लांट है, जिसे रूस की मदद से बनाया गया है और वहां अतिरिक्त यूनिट्स का निर्माण भी जारी है।
