ट्रम्प बोले- ऑस्ट्रेलिया ईरान की महिला खिलाड़ियों को शरण दे:नहीं तो अमेरिका देगा, वापस भेजना बड़ी गलती; राष्ट्रगान नहीं गाने पर देशद्रोह का आरोप

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अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी जंग का आज दसवां दिन है। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ऑस्ट्रेलिया से अपील की है कि वह ईरान की महिला फुटबॉल खिलाड़ियों को शरण दे। ट्रम्प ने कहा कि अगर उन्हें ईरान वापस भेजा गया तो उनकी जान को खतरा हो सकता है और यह एक बड़ी मानवीय गलती होगी।

यह मामला ऑस्ट्रेलिया में चल रहे महिला एशियन कप के दौरान सामने आया। दरअसल 28 फरवरी को ईरान पर हमले के बाद महिला टीम ने राष्ट्रगान नहीं गाया था, जिसे सरकार के खिलाफ विरोध के रूप में देखा गया। इसके बाद ईरानी मीडिया में खिलाड़ियों को ‘देशद्रोही’ बताया गया और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई।

ट्रम्प ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर कहा कि अगर इन खिलाड़ियों को ईरान भेजा गया तो उन्हें गंभीर सजा का सामना करना पड़े या उनकी जान भी जा सकती है। ट्रम्प ने कहा कि अगर ऑस्ट्रेलिया खिलाड़ियों को शरण देने के लिए तैयार नहीं है, तो अमेरिका उन्हें आश्रय देने के लिए तैयार है।

ईरानी महिला खिलाड़ियों के राष्ट्रगान न गाने का वीडियो…

 

अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी जंग का आज दसवां दिन है। इजराइल ने एक बार फिर ईरान पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले शुरू किए हैं। इजराइली सेना के मुताबिक राजधानी तेहरान, इस्फहान और दक्षिणी इलाकों में ईरानी शासन से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाकर एयरस्ट्राइक किए जा रहे हैं।

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि जब तक हमले जारी हैं, तब तक बातचीत की कोई गुंजाइश नहीं है और ईरान निर्णायक जवाब देने पर ध्यान दे रहा है। लेबनान की राजधानी बेरूत के दक्षिणी उपनगरों में भी कई एयरस्ट्राइक की खबरें सामने आई हैं।

इस बीच टाइम्स ऑफ इजराइल ने बताया कि ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के बेटे मुजतबा खामेनेई घायल हो गए हैं। उन्हें बीती रात ईरान का नया सुप्रीम लीडर घोषित किया गया था।

35 साल से ईरान की सर्वोच्च सत्ता पर काबिज थे अली खामेनेई

ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की 28 फरवरी को US-इजराइल के हमले में मौत हो गई थी।

अयातुल्ला 1989 में रुहोल्लाह खुमैनी के निधन के बाद से ईरान के सर्वोच्च नेता के पद पर काबिज थे। ईरान में 1979 की इस्लामिक क्रांति के दौरान, जब शाह मोहम्मद रजा पहलवी को हटाया गया तो खामेनेई ने क्रांति में बड़ी भूमिका निभाई थी।

इस्लामिक क्रांति के बाद खामेनेई को 1981 में राष्ट्रपति बनाया गया था। वह 8 साल तक इस पद पर रहे। 1989 में ईरान के सुप्रीम लीडर खुमैनी की मौत के बाद उन्हें उत्तराधिकारी बनाया गया था। रिपोर्ट के मुताबिक अयातुल्ला धर्मगुरु की एक पदवी है।

ईरान के इस्लामिक कानून के मुताबिक, सुप्रीम लीडर बनने के लिए अयातुल्ला होना जरूरी है। यानी कि सुप्रीम लीडर का पद सिर्फ एक धार्मिक नेता को ही मिल सकता है।

पुतिन ने ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई को दी बधाई

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई को उनके पद संभालने पर बधाई दी है। यह जानकारी क्रेमलिन की ओर से जारी बयान में दी गई।

पुतिन ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि मुजतबा अपने पिता के काम को सम्मान के साथ आगे बढ़ाएंगे और कठिन परिस्थितियों में ईरानी जनता को एकजुट रखेंगे।

उन्होंने यह भी कहा कि रूस ईरान के साथ अपने संबंधों को जारी रखेगा और तेहरान के प्रति अपना समर्थन और एकजुटता बनाए रखेगा। पुतिन ने अपने संदेश में कहा कि रूस ईरान के साथ खड़ा है।

लेबनान में संसदीय चुनाव 2 साल टले

लेबनान की संसद ने देश में होने वाले संसदीय चुनाव दो साल के लिए टाल दिए हैं। ये चुनाव पहले मई में होने थे, लेकिन इजराइल और हिजबुल्लाह के बीच जारी युद्ध के कारण यह फैसला लिया गया।

सोमवार को संसद की बैठक में सांसदों ने चुनाव स्थगित करने का निर्णय लिया। संसद अध्यक्ष की ओर से जारी बयान में कहा गया कि मौजूदा सुरक्षा हालात को देखते हुए चुनाव कार्यक्रम को दो साल आगे बढ़ाया गया है। बैठक में हिजबुल्लाह के संसदीय ब्लॉक प्रमुख मोहम्मद राद समेत कई सांसद मौजूद थे।

जंग के असर को कम करने के लिए सहयोगियों से बात कर रहा ब्रिटेन

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने कहा है कि उनकी सरकार ईरान युद्ध के आर्थिक प्रभाव को कम करने के लिए अंतरराष्ट्रीय साझेदारों के साथ बातचीत कर रही है।

लंदन में एक कार्यक्रम के दौरान स्टार्मर ने कहा कि सरकार का काम भविष्य की चुनौतियों को पहले से समझना और दूसरे देशों के साथ मिलकर समाधान तलाशना है। उन्होंने बताया कि ब्रिटेन अपने सहयोगी देशों के साथ मिलकर इस संकट के असर को लोगों और कारोबार पर कम करने के तरीकों पर चर्चा कर रहा है।

स्टार्मर ने कहा कि तेल की कीमतों में तेजी आने से आर्थिक दबाव बढ़ सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर यह संघर्ष लंबा चलता है तो इसका असर ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था पर और ज्यादा दिखाई दे सकता है।

 

इजराइल-अमेरिका और ईरान के बीच जंग से जुड़ी तस्वीरें…

कुवैत की राजधाकी कुवैत सिटी में शनिवार रात ईरानी ड्रोन अटैक के बाद एक बिल्डिंग में आग लग गई।
कुवैत की राजधाकी कुवैत सिटी में शनिवार रात ईरानी ड्रोन अटैक के बाद एक बिल्डिंग में आग लग गई।
ईरान की राजधानी तेहरान में शनिवार रात इजराइली हमले का फुटेज।
ईरान की राजधानी तेहरान में शनिवार रात इजराइली हमले का फुटेज।
ईरान ने शनिवार रात इजराइल पर क्लस्टर बम से हमला किया।
ईरान ने शनिवार रात इजराइल पर क्लस्टर बम से हमला किया।
ईरान की राजधानी तेहरान में शनिवार को तेल भंडार ठिकानों पर इजराइली हमलों के बाद फैला तेल शहर की नालियों में पहुंच गया है। इससे सड़कों के किनारे आग की नदी जैसे हालात बन गए।
ईरान की राजधानी तेहरान में शनिवार को तेल भंडार ठिकानों पर इजराइली हमलों के बाद फैला तेल शहर की नालियों में पहुंच गया है। इससे सड़कों के किनारे आग की नदी जैसे हालात बन गए।
लेबनान की बॉर्डर पर तैनात इजराइली टैंक। इजराइल लेबनान में ईरान समर्थक हिजबुल्लाह के खिलाफ हमला कर रहा है।
लेबनान की बॉर्डर पर तैनात इजराइली टैंक। इजराइल लेबनान में ईरान समर्थक हिजबुल्लाह के खिलाफ हमला कर रहा है।

जर्मन चांसलर बोले- ऊर्जा कीमतों में बढ़ोतरी चिंता की बात

ईरान युद्ध के बीच बढ़ती ऊर्जा कीमतों को लेकर जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि तेल और गैस की कीमतों में तेजी जर्मन अर्थव्यवस्था पर असर डाल सकती है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में मर्ज ने कहा कि ऊर्जा कीमतों के विकास को लेकर सरकार चिंतित है और इस स्थिति पर नजर रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात जर्मन अर्थव्यवस्था पर संभावित असर डाल सकते हैं।

पिछले हफ्ते व्हाइट हाउस दौरे के दौरान मर्ज ने अमेरिका-इजराइल की ईरान के खिलाफ कार्रवाई का समर्थन किया था, लेकिन साथ ही उम्मीद जताई थी कि युद्ध जल्द खत्म होगा क्योंकि इसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है।

इजराइल ने फिर ईरान पर हमले शुरू किए

इजराइल ने एक बार फिर ईरान पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले शुरू किए हैं। इजराइली सेना के मुताबिक राजधानी तेहरान, मध्य ईरान के इस्फहान और दक्षिणी इलाकों में ईरानी शासन से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाकर एयरस्ट्राइक किए जा रहे हैं।

इजराइली सेना ने कहा कि उसने ईरान में “वाइड-स्केल” हमलों की नई लहर शुरू की है। इन हमलों में कई शहरों को एक साथ निशाना बनाया गया। इजराइल का दावा है कि हमले ईरानी शासन के ढांचे से जुड़े ठिकानों को लक्ष्य बनाकर किए जा रहे हैं।

ईरानी अधिकारी बोले- देश की व्यवस्था मजबूत है

ईरान के सुरक्षा अधिकारी अली लारीजानी ने कहा है कि मुजतबा खामेनेई के नए सुप्रीम लीडर बनने से ईरान में उम्मीद जागी है, जबकि अमेरिका और इजराइल निराश हो गए हैं।

उन्होंने कहा कि जो देश ईरान के खिलाफ युद्ध और दुश्मनी का रवैया रखते हैं, उन्हें अब समझ आ गया है कि ईरान की व्यवस्था मजबूत है और आगे भी कायम रहेगी। लारीजानी ने यह भी कहा कि नए नेतृत्व से देश में उम्मीद और एकजुटता बढ़ेगी।

UAE ने 12 बैलिस्टिक मिसाइल और 17 ड्रोन मार गिराने का दावा किया

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि उसकी वायु रक्षा प्रणाली ने ईरान से दागी गई कई मिसाइलों और ड्रोन को रोक दिया। मंत्रालय के अनुसार आज 15 बैलिस्टिक मिसाइलों का पता चला, जिनमें से 12 को हवा में ही नष्ट कर दिया गया, जबकि तीन समुद्र में गिर गईं।

इसके अलावा 18 ड्रोन भी देखे गए, जिनमें से 17 को मार गिराया गया और एक ड्रोन UAE के क्षेत्र में गिर गया। रक्षा मंत्रालय के मुताबिक युद्ध शुरू होने के बाद से अब तक UAE की ओर कुल 253 मिसाइलें और 1,440 ड्रोन दागे जा चुके हैं।

फ्रांस ने लेबनान के लिए 6.9 मिलियन डॉलर की सहायता जारी की

फ्रांस ने लेबनान की बिगड़ती स्थिति को लेकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाने की मांग की है। फ्रांस के विदेश मंत्री जीन-नोएल बारो ने कहा कि पिछले एक सप्ताह में इजराइल की बमबारी के कारण लेबनान में हालात गंभीर हो गए हैं। स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार इन हमलों में करीब 400 लोगों की मौत हो चुकी है।

बारो ने बताया कि फ्रांस ने लेबनान में काम कर रहे मानवीय संगठनों के लिए लगभग 6.9 मिलियन डॉलर की आपात सहायता जारी की है। इसके अलावा करीब 20 टन अतिरिक्त मानवीय सहायता सामग्री भी भेजी जा रही है, जो अगले दिन लेबनान पहुंचने की उम्मीद है।

फ्रांस के विदेश मंत्री ने कहा कि उनका देश लेबनान और इजराइल के अधिकारियों के साथ लगातार बातचीत कर रहा है, ताकि स्थिति को और खराब होने से रोका जा सके और सीजफायर सुनिश्चित किया जा सके।

ईरान ने कुवैत के अल-अदीरी हेलीकॉप्टर एयरबेस को निशाना बनाया

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने कुवैत में स्थित अल-अदीरी हेलीकॉप्टर एयरबेस को ड्रोन और क्रूज मिसाइलों से निशाना बनाया।

IRGC के अनुसार इस हमले में एयरबेस के कई अहम हिस्सों को निशाना बनाया गया, जिनमें ईंधन और गैस टैंक, अमेरिकी हेलीकॉप्टरों के रैंप, लॉजिस्टिक, सपोर्ट सुविधाएं और कमांड से जुड़े ढांचे शामिल थे। संगठन ने दावा किया कि इन हमलों से बेस को भारी नुकसान पहुंचा।

ईरानी न्यूजपेपर ने जंग में मारे गए बच्चों की याद में फ्रंट पेज निकाला

ईरानी न्यूजपेपर तेहरान टाइम्स ने आज मिनाब के स्कूल में मारे गए बच्चों की याद में फ्रंट पेज निकाला। इसमें लिखा था- ट्रम्प इनकी आंखों में देखो। 28 फरवरी को जंग की शुरूआत में ईरानी स्कूल पर हुए हमले में 160 से ज्यादा बच्चों की मौत हो गई थी।

इजराइल में मिसाइल के मलबे से एक भारतीय घायल

इजराइल के तेल अवीव में मिसाइल के मलबे गिरने से रविवार को एक भारतीय नागरिक घायल हो गया। उसे गर्दन में छर्रे लगने से चोट आई थी। सूत्रों के अनुसार घायल व्यक्ति को तुरंत स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी छोटी सर्जरी की गई। इलाज के बाद अब उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।

इजराइल में भारतीय दूतावास लगातार उससे संपर्क में है और उसकी स्थिति पर नजर रखे हुए है।

लेबनान के राष्ट्रपति बोले- जनता जंग से थक चुकी है

लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन ने कहा कि लेबनान में सैन्य हमलों के जरिए इजराइल अपने लक्ष्य हासिल नहीं कर पाएगा। रिपोर्ट के अनुसार औन ने कहा कि हम इजराइल के साथ बातचीत फिर से शुरू करने के लिए पूरी तरह तैयार है, ताकि सुरक्षा से जुड़े जरूरी मुद्दों पर चर्चा कर मौजूदा तनाव और सैन्य कार्रवाई को रोका जा सके।

पिछले सप्ताह हिजबुल्लाह के उत्तरी इजराइल पर रॉकेट और ड्रोन हमले के बाद इजराइल ने लेबनान में इस ईरान समर्थित संगठन के ठिकानों पर कई हमले किए हैं। इन हमलों में हिज्बुल्लाह के 200 से अधिक लड़ाकों के मारे जाने की खबर है।

औन ने यह भी कहा कि हालात अनुकूल होने पर लेबनानी सेना अवैध हथियारों को जब्त करने की कार्रवाई जारी रखेगी। औन ने कहा कि लेबनान की जनता युद्ध से थक चुकी है और वह चाहती है कि युद्ध और शांति से जुड़े फैसले केवल राज्य के हाथ में हों।

लेबनान में 7 दिनों में 83 बच्चों की मौत

संयुक्त राष्ट्र की बाल संस्था यूनिसेफ ने कहा है कि इजराइल और हिजबुल्लाह के बीच बढ़ते संघर्ष के कारण पिछले सात दिनों में लेबनान में 83 बच्चों की मौत हो गई और 254 बच्चे घायल हुए हैं।

यूनिसेफ के बयान के अनुसार 2 मार्च से शुरू हुए इस संघर्ष में औसतन हर दिन 10 से अधिक बच्चों की जान जा रही है और करीब 36 बच्चे रोज घायल हो रहे हैं।

यूनिसेफ के मुताबिक हाल के संघर्ष के कारण बड़े पैमाने पर लोगों को अपने घर छोड़ने पड़े हैं। करीब 7 लाख लोग विस्थापित हुए हैं, जिनमें लगभग 2 लाख बच्चे शामिल हैं।

लेबनान पर इजराइली हवाई हमले के बाद एक इमारत ढह गई।
लेबनान पर इजराइली हवाई हमले के बाद एक इमारत ढह गई।
इजराइली हवाई हमलों के कारण सोमवार को दक्षिणी लेबनान में विस्थापित परिवार एक स्कूल के अंदर बैठा हुआ हैं, जिसका इस्तेमाल आश्रय स्थल के रूप में किया जा रहा है।
इजराइली हवाई हमलों के कारण सोमवार को दक्षिणी लेबनान में विस्थापित परिवार एक स्कूल के अंदर बैठा हुआ हैं, जिसका इस्तेमाल आश्रय स्थल के रूप में किया जा रहा है।

 

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