सोनीपत के कुंडली बार्डर पर धरने में शामिल किसान ने खुद को मारी गोली, मौत
कुंडली बार्डर पर धरने में शामिल एक किसान ने खुद को गोली मार ली है। साथी किसान उन्हें लेकर तुरंत पानीपत के पार्क अस्पताल पहुंचे जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। किसान की पहचान करनाल के बाबा राम सिंह के रूप में हुई है।
सोनीपत। कुंडली बार्डर पर धरने में शामिल एक किसान ने बुधवार को खुद को गोली मार ली। गोली लगने से किसान की मौत हो गई। गोली की आवाज सुनते ही धरने में बैठे किसानों में अफरा-तफरी मच गई। घायल अवस्था में किसान को पानीपत के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां पर चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। किसान की पहचान करनाल के बाबा राम सिंह के रूप में हुई है। किसान ने खुद को गोली क्यों मारी इसकी जानकारी अभी तक सामने नहीं आ पायी है।
मौके पर मौजूद पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। आखिर किसान हथियार ले कैसे धरना स्थल पर आया और उसने खुद को गोली क्यों मार ली। करनाल से मिली जानकारी के अनुसार, मृतक किसान का शव अभी तक पोस्टमार्टम के लिए नहीं पहुंचा है। मृतक के करीबी लोगों ने बताया कि उन्होंने अपनी गाड़ी में बैठकर गोली मारी।
बता दें कि कुंडली बार्डर पर किसानों का जमावड़ा 20 दिन से जारी है। धरनास्थल पर रोजाना सरकार के विरोध के अलग-अलग तरीके अपनाए जा रहे हैं। कहीं पोस्टर बैनर लेकर तो कहीं पुतले जलाकर सरकार का विरोध किया गया। अब ठंड बढ़ने के साथ ही धरना देकर बैठे किसानों के स्वजन उनका हाल-चाल लेने पहुंच रहे हैं। मंगलवार को भी धरनास्थल पर ट्रैक्टर-ट्रालियों से दर्जनों महिलाएं पहुंचीं। उनका कहना था कि ठंड बढ़ने के कारण घर के बुजुर्गों का ध्यान रखने आईं हैं। इनमें कुछ लोग अपने स्वजन के साथ यहीं धरने पर बैठ गए, जबकि कुछ घर के बीमार व बुजुर्ग को लेकर वापस भी लौटे।
रात की सुरक्षा पुलिस के लिए चुनौती
धरनास्थल पर किसानों और उनके वाहनों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। इससे यहां रात की सुरक्षा व्यवस्था पुलिस-प्रशासन के लिए चुनौती बनी हुई है। क्योंकि पिछले तीन-चार दिनों में रात के समय यहां चोरी की वारदात भी हुईं हैं, जिनमें दो मोटरसाइकिल चोरी भी शामिल है। पुलिस अधीक्षक जशनदीप सिंह रंधावा ने रात के समय धरनास्थल के आसपास गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही पहरे पर लगाई गई टुकड़ियों की संख्या भी बढ़ाई गई है।