जंग के बीच UAE में 19 भारतीय गिरफ्तार:फेक न्यूज फैलाने का आरोप; मौत की अफवाह के बीच कॉफी पीते दिखे नेतन्याहू
इजराइल-ईरान जंग के बीच UAE ने 35 लोगों को गिरफ्तार करने का आदेश दिया है। इनमें 19 भारतीय शामिल हैं। न्यूज एजेंसी PTI के मुताबिक इन पर सोशल मीडिया पर फेक न्यूज फैलाने का आरोप है।
UAE के अटॉर्नी जनरल डॉ. हमद सैफ अल शम्स ने कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म की निगरानी के बाद यह कार्रवाई की गई, ताकि झूठी खबरों से फैलने वाली अफवाह और अशांति को रोका जा सके।
वहीं इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अपनी मौत की अफवाहों के बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया है। इसमें वे यरुशलम के एक रेस्टोरेंट में कॉफी पीते नजर आ रहे हैं।

वीडियो में वे मजाक में कहते हैं, “क्या आप मेरी उंगलियां गिनना चाहते हैं?” दरअसल 13 मार्च के एक वीडियो में कुछ लोगों ने उनके हाथ में 6 उंगलियां दिखने की बात कही थी। इसके बाद कई यूजर्स ने उस वीडियो को AI और डीपफेक बताकर उनकी मौत की अफवाह फैलानी शुरू कर दी थी।
अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग का आज 16वां दिन है। इस बीच इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को लेकर सोशल मीडिया पर कई अफवाहें फैल रही हैं। कुछ पोस्ट में उनकी हत्या या देश छोड़ने का दावा किया गया, लेकिन पीएम ऑफिस ने इन्हें पूरी तरह फर्जी बताया है।
दावा किया गया कि ईरान के हमले में नेतन्याहू की हत्या हो गई या वे जर्मनी भाग गए हैं। पीएम कार्यालय ने बयान जारी कर कहा कि प्रधानमंत्री सुरक्षित हैं और ऐसी खबरें फेक न्यूज हैं।
NETANYAHU HAS 6 FINGERS IN OFFICIAL VIDEO AS ASSASSINATION REPORTS MOUNT
‘Not AI but an OPTICAL ILLUSION' https://t.co/OPdHcqfMdo pic.twitter.com/GMHWCqCUPF
— RT (@RT_com) March 15, 2026
13 मार्च को नेतन्याहू का एक वीडियो संदेश सामने आया। इसमें उन्होंने कहा कि इजराइल ईरान और हिजबुल्लाह के खिलाफ कार्रवाई कर रहा है।
इसी वीडियो के एक फ्रेम में उनकी दाईं हाथ में छह अंगुलियां दिखाई देने का दावा किया गया। इसके बाद कुछ यूजर्स ने वीडियो को एआई या डीपफेक बताया था। लोगों का कहना था कि, यह असली नेतन्याहू नहीं हैं।
ईरान बोला- सुप्रीम लीडर मुजतबा पूरी तरह ठीक
ईरान ने कहा है कि देश के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई पूरी तरह ठीक हैं और उन्हें कोई चोट नहीं लगी है। इससे पहले ब्रिटिश मीडिया द सन ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया था कि मुजतबा 28 फरवरी को अमेरिका-इजराइल के हमले में घायल हो गए थे। इसके बाद से वे कोमा में हैं और उनका एक पैर भी काटना पड़ा है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ने भी कहा था कि मुजतबा घायल हो गए हैं। हालांकि अराघची ने इन दावों को खारिज कर दिया है।
LPG ला रहे 2 भारतीय जहाजों ने होर्मुज पार किया
खाड़ी देशों से LPG लेकर आ रहे भारत के दो जहाज सुरक्षित रूप से होर्मुज स्ट्रेट पार कर गए हैं। ईरान ने एक दिन पहले इन जहाजों को गुजरने की अनुमति दी थी और अब ये भारत के पश्चिमी तट की ओर बढ़ रहे हैं।
शिपिंग जलमार्ग मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा के मुताबिक भारतीय झंडे वाले LPG कैरियर शिवालिक और नंदा देवी ने शनिवार होर्मुज स्ट्रेट पार किया। दोनों जहाज कुल 92,700 टन LPG लेकर भारत आ रहे हैं।
अधिकारियों ने बताया कि इनके अगले 2–3 दिनों में भारत पहुंचने की संभावना है। ये दोनों जहाज उन 24 जहाजों में शामिल थे, जो मिडिल-ईस्ट में जंग शुरू होने के बाद होर्मुज स्ट्रेट के पश्चिमी हिस्से में फंस गए थे।
सऊदी अरब पर ड्रोन अटैक, ईरान ने हमले से इनकार किया
सऊदी अरब ने कहा है कि उसने राजधानी रियाद और देश के पूर्वी क्षेत्रों के आसपास 10 ड्रोन को इंटरसेप्ट कर गिरा दिया।
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इस हमले से किसी भी तरह के संबंध से इनकार किया है।
आईआरजीसी ने बयान जारी कर कहा, “इस हमले का ईरान से कोई संबंध नहीं है और सऊदी सरकार को पता लगाना चाहिए कि यह हमला किसने किया है।”
फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि ड्रोन किसने भेजे थे। अधिकारियों ने घटना की जांच शुरू कर दी है।
इजराइल ने लोगों से बंकरों में शरण लेने को कहा
इजराइल के होम फ्रंट कमांड ने चेतावनी जारी की है कि देश के दक्षिणी हिस्सों की ओर रॉकेट और मिसाइल दागे गए हैं। अधिकारियों ने वहां रहने वाले लोगों से तुरंत सुरक्षित स्थानों या बंकरों में शरण लेने को कहा है।
रिपोर्ट के अनुसार मिसाइलों का पता लगते ही कई इलाकों में हवाई हमले के सायरन बजाए गए, ताकि नागरिकों को समय रहते सुरक्षित जगह पहुंचने का मौका मिल सके।
इजराइल की नागरिक सुरक्षा प्रणाली में ऐसे हमलों के दौरान लोगों को चेतावनी देने के लिए सायरन और मोबाइल अलर्ट का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे नागरिकों को आमतौर पर कुछ मिनटों का समय मिल जाता है कि वे बंकर या सुरक्षित कमरों में पहुंच सकें।
फिलहाल मिसाइल हमलों से हुए नुकसान या हताहतों की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। अधिकारियों ने कहा है कि स्थिति पर नजर रखी जा रही है और जैसे-जैसे नई जानकारी मिलेगी, उसे जारी किया जाएगा।
इजराइल से सीधी बातचीत के लिए तैयार लेबनान
लेबनान ने इजराइल से सीधे बातचीत की इच्छा जताई है। दोनों देश दशकों से आधिकारिक तौर पर युद्ध की स्थिति में हैं, इसलिए इसे बड़ा कदम माना जा रहा है।
यह पहल ऐसे समय में हुई है जब दक्षिणी लेबनान में इजराइली हमलों का खतरा बना हुआ है। इजराइल के कुछ नेताओं ने चेतावनी दी है कि बेरूत का हाल गाजा के खान यूनिस जैसा हो सकता है, जहां भारी तबाही हुई थी।
अल जजीरा के मुताबिक फ्रांस दोनों देशों के बीच तनाव खत्म कराने की कोशिश कर रहा है। फ्रांस इस योजना में अमेरिका को भी शामिल करना चाहता है, ताकि मिलकर इस संघर्ष को खत्म करने की कोशिश की जा सके।