ट्रम्प बोले- ईरान से आज पाकिस्तान में डील साइन होगी:कुछ घंटों में उपराष्ट्रपति जेडी वेंस इस्लामाबाद पहुंचेंगे; PAK गृहमंत्री ने ईरानी राजदूत से मुलाकात की
ट्रम्प ने दावा किया है कि ईरान के साथ डील आज पाकिस्तान में साइन हो सकती है। उन्होंने फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में कहा कि समझौता आज ही हो सकता है। इससे पहले न्यूयॉर्क पोस्ट को दिए इंटरव्यू में ट्रम्प ने बताया था कि जेडी वेंस समेत अमेरिकी डेलिगेशन बातचीत के लिए इस्लामाबाद जा रहा है और कुछ ही घंटों में वहां पहुंच जाएगा।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने दावा किया है कि ईरान के साथ डील आज पाकिस्तान में साइन होगी। उन्होंने फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में कहा कि समझौता आज ही हो सकता है।
इससे पहले न्यूयॉर्क पोस्ट को दिए इंटरव्यू में ट्रम्प ने बताया था कि उपराष्ट्रपति जेडी वेंस समेत अमेरिकी डेलिगेशन बातचीत के लिए इस्लामाबाद रवाना हो गया है और कुछ ही घंटों में वहां पहुंच जाएगा।
ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ईरान के साथ बातचीत करने जा रहा है और उन्हें उम्मीद है कि इस बार कोई ‘गेम’ नहीं खेला जाएगा। इसी बीच पाकिस्तान और ईरान के बीच भी कूटनीतिक हलचल तेज हो गई है।
पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने ईरानी राजदूत रेजा अमीरी मोगद्दम से मुलाकात की, जिसमें अमेरिका के साथ संभावित वार्ता और क्षेत्रीय तनाव कम करने के मुद्दे पर चर्चा हुई।
पाकिस्तान में अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल के दौरे से पहले हलचल तेज हो गई है। रावलपिंडी स्थित PAF बेस नूर खान पर पिछले 48 घंटों में कम से कम 6 अमेरिकी सैन्य विमान उतर चुके हैं।
फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक, चार विमान पिछले दो दिनों में उतरे, जबकि दो विमान आज पहुंचे। ये सभी विमान अपना काम पूरा कर वापस लौट गए।
रिपोर्ट्स के अनुसार, इन विमानों में कम्युनिकेशन उपकरण, मोटरकेड सपोर्ट और अन्य जरूरी संसाधन लाए गए हैं। PAF बेस नूर खान इस्लामाबाद के लिए प्रमुख VIP एंट्री पॉइंट है, जहां से विदेशी प्रतिनिधिमंडलों का आवागमन होता है।
Pakistan’s Interior Minister Mohsin Naqvi visited the Iranian embassy and met Ambassador Reza Amiri Moghaddam.
They discussed possible arrangements for the second round of talks with the US and the need for a lasting diplomatic solution to ease tensions. pic.twitter.com/9V1nh6xazS
— Press TV 🔻 (@PressTV) April 20, 2026
अमेरिका-ईरान की बातचीत पर सस्पेंस
होर्मुज में बढ़ते तनाव के बीच पाकिस्तान में दोनों देशों के बीच दूसरी दौर की बातचीत होगी या नहीं, इसे लेकर सस्पेंस बना हुआ है। ईरान ने कहा कि अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी सीजफायर के समझौते का उल्लंघन है और अमेरिका की धमकी भरी भाषा से हालात और खराब हो रहे हैं। इन परिस्थितियों में बातचीत की उम्मीद बहुत कम है।
वहीं अल जजीरा की रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि बातचीत एक नहीं बल्कि कई दिनों तक चल सकती है। कोशिश यह है कि एक अस्थायी समझौता यानी MoU साइन हो जाए, जिससे सीजफायर आगे बढ़ सके और करीब 60 दिन का समय मिल जाए ताकि बड़ा शांति समझौता तैयार किया जा सके। लेकिन यह सब तभी संभव है जब ईरान इसमें हिस्सा ले।
पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स
भारतीय जहाजों पर फायरिंग: ईरान ने होर्मुज में 2 भारतीय जहाजों पर फायरिंग की। 14 जहाज रोके गए, 13 लौटे। भारत ने राजदूत को तलब कर विरोध जताया।
होर्मुज स्ट्रेट फिर बंद: ईरान ने अमेरिका पर सीजफायर उल्लंघन का आरोप लगाते हुए स्ट्रेट दोबारा बंद किया।
दूसरी बैठक पर संशय: ईरान ने इस्लामाबाद में होने वाले शांति वार्ता के दूसरे दौर में शामिल होने से इनकार कर दिया है। ईरान ने अमेरिका की मांगों और नाकेबंदी को इस फैसले का मुख्य कारण बताया है।
तेल की कीमतें बढ़ीं: ईरान के साथ बढ़ते तनाव के बीच तेल की कीमतों में तेज उछाल आया है। अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड करीब 6.5% की तेजी के साथ 96.27 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया।
नेतन्याहू बोले- ईरान में हमारा काम अभी खत्म नहीं
इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि ईरान में सैन्य अभियान अभी खत्म नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि इजराइल का मिशन जारी रहेगा और काम अभी बाकी है।
यरुशलम में मेमोरियल डे समारोह के दौरान नेतन्याहू ने कहा कि इजराइल ने संघर्ष में बढ़त जरूर हासिल की है, लेकिन अभियान अभी पूरा नहीं हुआ है।
उन्होंने कहा कि दुनिया इजराइल के आत्मरक्षा के अधिकार और उसके संकल्प को समझती है। नेतन्याहू ने यह भी कहा कि इजराइल और अमेरिका मिलकर सुरक्षा और स्थिरता के लिए काम कर रहे हैं।
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान ने कहा है कि देश अमेरिका और इजराइल के साथ चल रहे युद्ध को सम्मान और समझदारी के साथ खत्म करने की कोशिश करेगा।
तेहरान में एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि ईरान मौजूदा हालात को बुद्धिमत्ता और संतुलन के साथ संभाल रहा है।
पजशकियान ने जोर देकर कहा कि युद्ध खत्म करते समय राष्ट्रीय सम्मान बनाए रखना सबसे अहम होगा। उन्होंने कहा कि कठिन परिस्थितियों में सूझबूझ और रणनीतिक फैसलों के जरिए आगे बढ़ना जरूरी है, ताकि देश सुरक्षित तरीके से इस स्थिति से बाहर निकल सके।
